बहुजन समाज पार्टी (BSP) के राष्ट्रीय संयोजक आकाश आनंद ने सोमवार को सहारनपुर जिले की नकुड़ विधानसभा सीट में जनसभा को संबोधित किया। हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, उन्होंने सत्तारूढ़ BJP और विपक्षी समाजवादी पार्टी (सपा) दोनों पर उत्तर प्रदेश में "जंगल राज" चलाने का आरोप लगाया।
एक नज़र में
- आकाश आनंद ने सपा को BJP की "B टीम" बताया और दोनों दलों के शासन को "जंगल राज" कहा।
- नकुड़ से 2027 विधानसभा चुनाव के लिए नरेश कुमार सैनी को पार्टी उम्मीदवार घोषित किया।
- BJP सरकार को "एनकाउंटर सरकार" बताते हुए स्कूल बंद होने और बेरोज़गारी के मुद्दे उठाए।
- मायावती ने 5 नवंबर को लखनऊ में वरिष्ठ नेताओं की बैठक बुलाई है।
सपा और कांग्रेस पर क्या कहा
आकाश आनंद पिछले दो वर्षों में पार्टी में कई बार आने-जाने के बाद हाल ही में फिर से बहाल किए गए हैं। उन्होंने कहा कि सपा ने BJP समर्थित एक सांसद के बेटे को उत्तर प्रदेश से राज्यसभा भेजा और मुस्लिम समुदाय को नज़रअंदाज़ किया।
सपा के PDA फॉर्मूले पर उन्होंने कहा कि सपा प्रमुख इसे लेकर भ्रम में हैं, क्योंकि वे कभी P को पंडित और कभी पिछड़ा बताते हैं। उनका आरोप था कि सपा सरकार में प्रदेश दंगों की चपेट में रहा और मुज़फ्फरनगर दंगों के बाद बड़ी संख्या में लोग बेघर हुए।
2024 लोकसभा चुनाव में संविधान और आरक्षण के मुद्दे पर सपा-कांग्रेस गठबंधन पर लोगों को गुमराह करने का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि दोनों दलों के नेता संसद में कमज़ोर वर्गों के सवाल नहीं उठा सके। उन्होंने यह भी दावा किया कि कांग्रेस शासित राज्यों में SC/ST का शोषण होता है और सपा सरकार ने दलित महापुरुषों के नाम पर बने जिलों के नाम बदल दिए थे।
BJP सरकार पर आरोप और BSP के काम
आकाश आनंद ने दावा किया कि BJP के 10 साल के शासन में गंभीर अपराध बढ़े हैं। उनके मुताबिक सरकार ने "विकसित" और "सुरक्षित" उत्तर प्रदेश के प्रचार पर करीब 7,000 करोड़ रुपये खर्च किए, फिर भी विकास और कानून-व्यवस्था में वह विफल रही।
उन्होंने कहा कि 25,000 स्कूल बंद हो गए, 1.50 लाख शिक्षकों के पद खाली हैं और राज्य में करीब 2 करोड़ युवा बेरोज़गार हैं। उनका कहना था कि स्कूल बंद होने से कमज़ोर वर्गों के बच्चों को नुकसान होगा। एक्सप्रेसवे पर भी उन्होंने सवाल उठाए और कहा कि BJP राज में बने एक्सप्रेसवे गड्ढों से भरे हैं, जबकि 16 साल पहले BSP सरकार में बना यमुना एक्सप्रेसवे प्रदेश की सबसे सुरक्षित सड़कों में है।
BSP की उपलब्धियां गिनाते हुए उन्होंने कहा कि मायावती के चार कार्यकालों में 6 इंजीनियरिंग कॉलेज, 2 होम्योपैथिक कॉलेज, 24 पॉलिटेक्निक, 2 पैरामेडिकल कॉलेज, 200 से अधिक इंटरमीडिएट और डिग्री कॉलेज तथा 5,500 से ज़्यादा प्राथमिक व माध्यमिक स्कूल बने। उनके अनुसार OBC को सरकारी नौकरियों में 27% आरक्षण दिया गया, भूमिहीनों को ज़मीन के अधिकार मिले और 30 लाख से अधिक युवाओं को रोज़गार मिला।
5 नवंबर की बैठक
BSP अध्यक्ष मायावती ने 5 नवंबर को पार्टी के प्रदेश कार्यालय में वरिष्ठ नेताओं और पदाधिकारियों की उच्चस्तरीय बैठक बुलाई है। इसमें 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियों की समीक्षा होगी और 6 दिसंबर को डॉ. भीमराव आंबेडकर की पुण्यतिथि पर होने वाली रैली के लिए निर्देश दिए जाएंगे। बैठक में अलग-अलग सीटों पर उम्मीदवारों के चयन, बूथ कमेटियों के गठन, मतदाता पंजीकरण अभियान और अन्य जनसंपर्क कार्यक्रमों की प्रगति की भी समीक्षा की जाएगी।