सालों से लोग एक ही सवाल पूछ रहे थे: Reliance Jio शेयर बाज़ार में कब आएगी? अब जवाब मिल गया है, और शुरुआत उम्मीद से कहीं बेहतर रही। Jio Platforms ने करीब ₹30,213 करोड़ जुटाकर भारत का अब तक का सबसे बड़ा IPO पूरा किया। 28 अक्टूबर 2026 को जब इसके शेयरों में कारोबार शुरू हुआ, तो पहले ही दिन भाव 21 प्रतिशत से ज़्यादा उछल गया।
एक नज़र में
- Jio Platforms ने करीब ₹30,213 करोड़ जुटाए, जो भारत का सबसे बड़ा IPO है।
- इश्यू 22.19 गुना सब्सक्राइब हुआ।
- शेयर 28 अक्टूबर को ₹1,358 पर लिस्ट हुए, यानी ₹1,119 के इश्यू प्राइस से 21.36% ऊपर।
- लिस्टिंग के दिन ही यह Reliance Industries के बाद देश की दूसरी सबसे कीमती लिस्टेड कंपनी बन गई।
रिकॉर्ड IPO, आंकड़ों में
- साइज़: करीब ₹30,213 करोड़, पूरा का पूरा नए शेयरों का इश्यू। इसने 2024 में आए Hyundai Motor India के ₹27,800 करोड़ के IPO का रिकॉर्ड तोड़ दिया।
- कीमत: प्राइस बैंड ₹1,065 से ₹1,119 प्रति शेयर था, और शेयर ₹1,119 पर जारी हुए।
- मांग: बड़े संस्थागत निवेशकों ने अपने हिस्से से 70 गुना से ज़्यादा बोली लगाई। आम (रिटेल) निवेशकों का हिस्सा करीब 2.7 गुना भरा।
- वैल्यू: लिस्टिंग पर कंपनी की कीमत करीब ₹12.5 लाख करोड़ आंकी गई।
एक पुरानी आदत टूटी
Business Standard ने एक दिलचस्प बात बताई। पिछले दस साल से भी ज़्यादा समय से भारत के रिकॉर्ड तोड़ने वाले बड़े IPO अक्सर डिस्काउंट पर लिस्ट होते रहे थे, यानी पहले दिन ही शुरुआती निवेशकों को घाटा। Jio ने यह सिलसिला तोड़ दिया। दुनिया भर में अनिश्चितता के माहौल में यह भारतीय बाज़ार के लिए भरोसे की बात है।
Jio Platforms आखिर है क्या?
ज़्यादातर लोग Jio को उस मोबाइल नेटवर्क के रूप में जानते हैं जिसने 2016 के बाद देश में डेटा सस्ता कर दिया। Jio Platforms उससे बड़ी कंपनी है। इसमें टेलीकॉम कारोबार के साथ JioFiber ब्रॉडबैंड, ऐप्स, क्लाउड सर्विस और AI जैसे नए कारोबार भी आते हैं। 2020 में Facebook (अब Meta) और Google जैसी कंपनियों ने इसमें हिस्सेदारी खरीदी थी। अब IPO के ज़रिए आम निवेशक भी इसके मालिकों में शामिल हो सकते हैं।
आप निवेश न करें, तब भी यह खबर आपके काम की है
आपका मोबाइल बिल
Jio देश की सबसे बड़ी मोबाइल कंपनी है। लिस्टेड कंपनी पर मुनाफा बढ़ाने का लगातार दबाव रहता है, और टेलीकॉम में इसका सबसे सीधा तरीका है हर ग्राहक से होने वाली कमाई बढ़ाना, यानी रिचार्ज महंगा करना। पिछले कुछ सालों में प्लान पहले ही महंगे हुए हैं, और जानकार आगे भी पूरे सेक्टर में बढ़ोतरी की उम्मीद कर रहे हैं। लिस्टिंग की वजह से अभी कोई बढ़ोतरी घोषित नहीं हुई है।
देश का बाज़ार
इतनी बड़ी और सफल लिस्टिंग दिखाती है कि भारतीय बाज़ार विशाल सौदे संभाल सकता है। इससे दूसरी बड़ी कंपनियां भी विदेश की जगह भारत में ही लिस्ट होने के लिए प्रेरित हो सकती हैं।
अभी खरीदने की सोच रहे हैं? पहले यह पढ़ें
पहले दिन की तेज़ी आगे के मुनाफे की गारंटी नहीं होती। लिस्टिंग पर उछले शेयर अक्सर अगले कुछ हफ्तों में तेज़ी से ऊपर-नीचे होते हैं, क्योंकि शुरुआती निवेशक मुनाफा वसूलते हैं।
- सिर्फ चर्चा नहीं, कंपनी की कमाई और कर्ज़ देखें।
- अपनी बचत का बड़ा हिस्सा एक ही शेयर में न लगाएं।
- सोशल मीडिया पर "पैसा डबल" वाली टिप्स से सावधान रहें।
यह लेख सिर्फ जानकारी के लिए है, निवेश की सलाह नहीं है। शक हो तो SEBI में रजिस्टर्ड वित्तीय सलाहकार से बात करें।
सवाल-जवाब
Jio ने किस IPO का रिकॉर्ड तोड़ा?
2024 में आए Hyundai Motor India के ₹27,800 करोड़ के IPO का।
क्या रिचार्ज महंगे होंगे?
लिस्टिंग की वजह से कोई घोषणा नहीं हुई है, लेकिन जानकार मानते हैं कि समय के साथ पूरे टेलीकॉम सेक्टर में दरें बढ़ सकती हैं।