हैदराबाद: तेलंगाना परिवहन विभाग जल्द ही ऑनलाइन लर्नर लाइसेंस टेस्ट की सुविधा शुरू करने जा रहा है। हैदराबाद मेल की रिपोर्ट के मुताबिक, आवेदक अब RTO दफ्तर गए बिना अपने घर से कंप्यूटर या लैपटॉप पर यह टेस्ट दे सकेंगे। विभाग से उम्मीद है कि वह एक हफ्ते के भीतर इसे औपचारिक रूप से शुरू कर देगा।
एक नज़र में
- आवेदक घर बैठे कंप्यूटर या लैपटॉप से लर्नर लाइसेंस टेस्ट दे सकेंगे।
- केंद्र सरकार के Sarathi पोर्टल पर AI आधारित फेस रिकग्निशन और ऑनलाइन निगरानी होगी।
- ऑनलाइन वेरिफिकेशन न हो पाए तो RTO दफ्तर में टेस्ट देने का विकल्प रहेगा।
- टेस्ट पास करने पर LLR की PDF मोबाइल पर डाउनलोड की जा सकेगी।
कैसे काम करेगी नई व्यवस्था
अभी आवेदक को परिवहन विभाग के पोर्टल पर फीस भरनी होती है, स्लॉट बुक करना होता है और तय तारीख पर RTO दफ्तर जाकर कंप्यूटर पर टेस्ट देना होता है। नई व्यवस्था में आवेदक अपने स्लॉट के समय पर घर से ही टेस्ट दे सकेंगे।
केंद्र सरकार ने यह सुविधा Sarathi पोर्टल के जरिए शुरू की है। तेलंगाना सरकार भी इस पोर्टल से जुड़ गई है और उसने इस प्रणाली को लागू करने का फैसला किया है।
नकल रोकने के लिए सुरक्षा इंतज़ाम
टेस्ट के लिए लॉग इन करते ही AI सिस्टम वेबकैम से चेहरे को स्कैन करेगा। यह चेहरा आवेदन के साथ जमा की गई फोटो से मिलना जरूरी है। इसके बाद सिस्टम यह भी जांचेगा कि कैमरे के सामने असली व्यक्ति मौजूद है, फोटो नहीं। इसके लिए उम्मीदवार को पांच बार मुस्कुराना और पांच बार पलकें झपकानी होंगी। ये जांच पूरी होने के बाद ही परीक्षा की स्क्रीन खुलेगी।
रिपोर्ट के अनुसार, AI सिस्टम कैमरे के सामने पहले से रिकॉर्ड किया वीडियो चलाने की कोशिश भी पकड़ सकता है और ऐसे में टेस्ट रद्द कर देगा। अगर परीक्षा के दौरान कैमरे के फ्रेम में कोई दूसरा व्यक्ति आ जाए या आवेदक कैमरे से हट जाए, तो टेस्ट अपने आप रुक जाएगा और इसे नियमों का उल्लंघन माना जाएगा। टेस्ट के दौरान Google सर्च या कंप्यूटर पर कोई दूसरा एप्लिकेशन या विंडो खोलने की अनुमति नहीं होगी।
वेरिफिकेशन फेल होने पर विकल्प और नतीजा
तकनीकी दिक्कत या चेहरे की गतिविधियां न मिलने से ऑनलाइन वेरिफिकेशन फेल हो जाए, तो आवेदकों को घबराने की जरूरत नहीं है। विभाग ने RTO दफ्तर में सीधे टेस्ट देने की वैकल्पिक सुविधा दी है। non-eKYC आवेदन वाले लोग OTP से और eKYC आवेदन वाले लोग फिंगरप्रिंट से बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन करा सकते हैं। इसके बाद RTO अधिकारी से मिला PIN डालकर वे दफ्तर में परीक्षा पूरी कर सकेंगे।
टेस्ट खत्म होते ही स्क्रीन पर स्कोर और पास या फेल की स्थिति दिखेगी। जरूरी अंक मिलने पर सिस्टम अपने आप लर्नर लाइसेंस मंजूर कर देगा। आवेदक असली LLR की PDF सीधे अपने मोबाइल फोन में डाउनलोड कर सकेंगे। इस डिजिटल दस्तावेज पर डिजिटल हस्ताक्षर और QR कोड होगा।