एक बेंगलुरु के दंपति ने अच्छी कॉर्पोरेट नौकरियां छोड़ीं और समोसे का कारोबार शुरू करने के लिए अपना घर बेच दिया।
आज इस ब्रांड की अनुमानित कीमत करीब ₹200 करोड़ है।
दंपति निधि सिंह और शिखर वीर सिंह दोनों हरियाणा से हैं।
दोनों ने कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में बायोटेक्नोलॉजी पढ़ते समय एक-दूसरे को जाना और 2010 में शादी की।
शिखर बेंगलुरु में Biocon में प्रिंसिपल साइंटिस्ट बने।
निधि एक अमेरिकी फार्मा कंपनी में बिज़नेस डेवलपमेंट का काम करती थीं और उनकी सालाना कमाई करीब ₹30 लाख थी।
एक नज़र में
- बेंगलुरु के दंपति ने समोसे के कारोबार के लिए अपना फ्लैट करीब ₹80 लाख में बेचा।
- जनवरी 2025 में फंडिंग के विस्तार के बाद Samosa Singh की अनुमानित कीमत करीब ₹200 करोड़ तय हुई।
- FY25 में कमाई ₹18 करोड़ रही, पर कंपनी का अनुमानित शुद्ध घाटा ₹5.7 करोड़ बताया गया है।
- ब्रांड अब बेंगलुरु के बाहर मुंबई, दिल्ली और हैदराबाद जैसे शहरों में भी काम करता है।
उन्होंने अच्छी नौकरी छोड़कर समोसे का कारोबार क्यों चुना?
शिखर पोस्टग्रेजुएशन के समय से ही समोसे के कारोबार के बारे में सोच रहे थे।
उनका मानना था कि बर्गर और पिज़्ज़ा की तरह इस नाश्ते को भी बड़े पैमाने पर व्यवस्थित तरीके से चलाया जा सकता है।
शिखर ने अक्टूबर 2015 में Biocon छोड़ दी। Samosa Singh का पहला आउटलेट फरवरी 2016 में बेंगलुरु में खुला।
कारोबार के लिए पैसा कहां से आया?
शुरुआत में दंपति ने अपनी बचत लगाई। फिर एक बड़े कॉर्पोरेट ऑर्डर से पता चला कि उनकी छोटी रसोई इतनी बड़ी मांग पूरी नहीं कर सकती।
बाहरी निवेशकों से पैसा लेकर अपनी हिस्सेदारी घटाने के बजाय उन्होंने यलहंका का फ्लैट करीब ₹80 लाख में बेच दिया।
इस पैसे से इलेक्ट्रॉनिक सिटी में बड़ी रसोई बनी।
कंपनी की वेबसाइट के मुताबिक संस्थापकों ने उत्पाद बनाने में 10,000 से ज़्यादा घंटे लगाए।
किसी भी परिवार के लिए घर बेचना एक बड़ा और सोच-समझकर लिया जाने वाला फैसला होता है।
तो क्या कारोबार अब मुनाफा कमा रहा है?
अभी नहीं। FY का मतलब वित्तीय वर्ष है, और FY25 अप्रैल 2024 से मार्च 2025 तक का समय है।
ऑपरेटिंग आय यानी मुख्य बिक्री से हुई कमाई FY24 में ₹13.9 करोड़ से बढ़कर FY25 में करीब 30 प्रतिशत बढ़कर ₹18 करोड़ हो गई।
लेकिन कंपनी का अनुमानित शुद्ध घाटा ₹5.7 करोड़ बताया गया है। इसका मतलब है कि खर्च, जो करीब ₹23.8 करोड़ तक पहुंचा, कमाई से ज़्यादा रहा।
₹ करोड़
ग्राफिक: News Anek, इसी खबर के तथ्यों से
₹200 करोड़ का मूल्यांकन कंपनी की अनुमानित कीमत है। यह नकद रकम नहीं है।
कहानी बिज़नेस की
अब तक की कहानी
- शुरुआत: शिखर ने अक्टूबर 2015 में Biocon छोड़कर समोसे का कारोबार शुरू करने का फैसला किया।
- मोड़: एक बड़े कॉर्पोरेट ऑर्डर ने रसोई की सीमा दिखा दी, तो उन्होंने बाहरी निवेश लेने के बजाय फ्लैट बेच दिया।
- अभी: ब्रांड की अनुमानित कीमत करीब ₹200 करोड़ है, पर कंपनी अभी भी शुद्ध घाटा दिखा रही है।
पैसा कैसे बनता है
कंपनी समोसे और दूसरे नाश्ते डिलीवरी, क्लाउड किचन, रिटेल आउटलेट और कैटरिंग के ज़रिए बेचती है। यह कॉर्पोरेट, एयरलाइन और मल्टीप्लेक्स जैसे कारोबारी ग्राहकों से बड़े ऑर्डर भी लेती है।
एक सीख
बिक्री बढ़ना और मुनाफा होना एक बात नहीं है, इसलिए शुरुआत से ही खर्च पर नज़र रखें।
आंकड़े
| ब्रांड का मूल्यांकन | करीब ₹200 करोड़ (स्रोत: रिपोर्ट में दिए कंपनी के आंकड़े) |
|---|---|
| FY25 की ऑपरेटिंग आय | ₹18 करोड़, करीब 30 प्रतिशत बढ़ी (स्रोत: रिपोर्ट में दिए कंपनी के आंकड़े) |
| FY25 का अनुमानित शुद्ध घाटा | ₹5.7 करोड़ (स्रोत: रिपोर्ट में दिए कंपनी के आंकड़े) |
| कारोबार के लिए बेचा गया फ्लैट | करीब ₹80 लाख (स्रोत: रिपोर्ट में दिए कंपनी के आंकड़े) |
यह खबरों पर आधारित सामान्य जानकारी है, वित्तीय या निवेश सलाह नहीं।