यहां पूरी योजना एक जगह है: क्या मिलता है, कौन पात्र है, आवेदन कैसे करें, और क्या जांचें।
| योजना | प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन (पीएम-एसवाईएम) |
|---|---|
| मंत्रालय | श्रम एवं रोजगार मंत्रालय, भारत सरकार |
| फायदा | 60 की उम्र के बाद न्यूनतम 3,000 रुपये महीना पेंशन |
| कौन आवेदन कर सकता है | 18 से 40 साल के असंगठित मजदूर, जिनकी आय 15,000 रुपये महीना तक हो |
| पैसा कैसे जमा होता है | आपका योगदान अपने-आप कटता है, और सरकार बराबर राशि डालती है |
| कहां आवेदन करें | maandhan.in, कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) या e-Shram के ज़रिए |
| आवेदन शुल्क | रजिस्ट्रेशन मुफ्त, मासिक योगदान 55 से 200 रुपये |
एक नज़र में
- 60 की उम्र के बाद 3,000 रुपये महीना पेंशन की गारंटी।
- प्रवेश की उम्र के हिसाब से 55 से 200 रुपये महीना जमा करना होता है।
- सरकार आपकी पेंशन फंड में बराबर राशि जोड़ती है।
- जुड़ने के लिए आधार से जुड़ा बैंक खाता चाहिए।
तो आपको असल में क्या मिलता है?
60 साल के होने के बाद हर महीने न्यूनतम 3,000 रुपये पेंशन मिलती है।
अगर इससे पहले आपकी मृत्यु हो जाती है, तो पत्नी या पति को उसका आधा, यानी 1,500 रुपये महीना, पारिवारिक पेंशन के रूप में मिलता है।
अगर आप योजना से जल्दी बाहर निकलते हैं, तो आपकी जमा रकम ब्याज के साथ लौट आती है।
रकम और नियम बदल सकते हैं, इसलिए ताज़ा आंकड़े सरकारी वेबसाइट पर ज़रूर जांच लें।
कौन आवेदन कर सकता है, और कौन नहीं?
आप असंगठित मजदूर हों और आपकी उम्र 18 से 40 साल के बीच हो।
आपकी मासिक आय 15,000 रुपये से कम होनी चाहिए।
EPFO, ESIC या NPS के सदस्य इसमें नहीं जुड़ सकते।
जो लोग रिटर्न पर इनकम टैक्स भरते हैं, वे भी पात्र नहीं हैं।
इसमें आने वाले काम में फेरी वाले, कूड़ा बीनने वाले, घरेलू कामगार, निर्माण मजदूर, बीड़ी मजदूर और खेतिहर मजदूर शामिल हैं।
इस योजना की शुरुआत कब हुई, और यह क्यों ज़रूरी है?
इस योजना की शुरुआत श्रम एवं रोजगार मंत्रालय ने 15 फरवरी 2019 को की थी।
इसे उन असंगठित मजदूरों के लिए शुरू किया गया, जिनके पास नियमित मालिक की दी हुई पेंशन नहीं होती।
जमा रकम का प्रबंधन पेंशन फंड के रूप में LIC करती है।
कौन से कागज़ तैयार रखें?
आधार कार्ड और उससे जुड़ा मोबाइल नंबर रखें।
ऑटो-डेबिट के लिए सेविंग, जन धन या पोस्ट ऑफिस बैंक खाता रखें।
पासपोर्ट साइज़ की फोटो तैयार रखें।
ऑनलाइन आवेदन कैसे करें, एक-एक कदम?
maandhan.in पर जाएं और रजिस्ट्रेशन का विकल्प चुनें।
आधार, मोबाइल नंबर, बैंक की जानकारी और काम का प्रकार भरें।
प्रवेश की उम्र चुनें, पहले महीने का योगदान दें, और ऑटो-डेबिट की तारीख चुनें।
इसके बाद आपका PM-SYM कार्ड और रजिस्ट्रेशन नंबर आएगा। इन्हें संभाल कर रखें।
क्या पास के सेंटर से ऑफलाइन आवेदन हो सकता है?
हां, अपने पास के कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जा सकते हैं।
वहां का operator फॉर्म भरने और पहला भुगतान करने में मदद करेगा।
अपना आधार और बैंक पासबुक साथ ले जाएं।
स्टेटस कैसे देखें, और पैसा रुक जाए तो क्या करें?
maandhan.in पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन नंबर डालकर अपना खाता देखें।
अगर योगदान छूट जाए, तो बकाया चुकाकर पेंशन को नियमित करना होता है।
किसी एजेंट या बिचौलिए को पैसे न दें। सिर्फ सरकारी पोर्टल या CSC से ही जुड़ें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
60 से पहले मेरी मृत्यु हो जाए तो क्या होगा?
पत्नी या पति योजना जारी रख सकते हैं, या ब्याज के साथ आपका हिस्सा वापस ले सकते हैं। योजना जारी रहने पर 60 के बाद आधी पेंशन पारिवारिक पेंशन के रूप में मिलती है।
क्या मैं योजना से जल्दी बाहर निकल सकता हूं?
हां। 10 साल से पहले आपका हिस्सा बैंक ब्याज के साथ लौटता है। 10 साल बाद फंड या बैंक की ऊंची दर से लौटाया जाता है।
क्या रजिस्ट्रेशन के लिए फीस लगती है?
रजिस्ट्रेशन मुफ्त है। सिर्फ मासिक योगदान ऑटो-डेबिट से कटता है।
क्या मैं NPS में होते हुए इसमें जुड़ सकता हूं?
नहीं। NPS, EPFO या ESIC के सदस्य पीएम-एसवाईएम के पात्र नहीं हैं।
योगदान का दूसरा आधा हिस्सा कौन देता है?
केंद्र सरकार बराबर हिस्सा देती है, इसलिए 60 की उम्र तक आपका योगदान 50:50 के अनुपात में जमा होता है।
आधिकारिक लिंक
यह गाइड योजना के आधिकारिक नियमों पर आधारित है। नियम और रकम बदल सकते हैं, इसलिए आवेदन से पहले आधिकारिक वेबसाइट पर ज़रूर जांचें। News Anek सरकारी वेबसाइट नहीं है।